Saturday, June 13, 2015

एकाउंटेसी के कई चैप्टर को सिलेबस से बाहर करेगा सीबीएसइ

एकाउंटेसी के कई चैप्टर को सिलेबस से बाहर करेगा सीबीएसइ

- स्टूडेंट्स और टीचर्स से मांगी गयी फीडबैक
संवाददाता, पटना
जल्द ही कॉमर्स के स्टूडेंट्स को उनके भारी भरकम सिलेबस से राहत मिल सकती है. सीबीएसइ ने 12वीं कॉमर्स के एकाउंटेंसी के सिलेबस को कम करने का निर्णय लिया है. इसके लिए बोर्ड ने स्टूडेंट्स, टीचर्स, प्रिंसिपल आदि से सजेशन मांगा हैं. बोर्ड ने एकाउंटेसी संबंधित कई चैप्टर भी प्रोवाइड किया है. इसके तहत जो फीडबैक आयेगा, उसी के अनुसार एकाउंटेंसी के सिलेबस में परिवर्तन किया जायेगा. सीबीएसइ ने 11वीं और 12वीं के सिलेबस के लिए फीडबैक मांगा है. बोर्ड की ओर से फीडबैक भेजने की तारीख 20 जून रखी गयी है.
- 2016 से बदल सकता है एकाउंटेंसी का सिलेबस
सीबीएसइ अगले सत्र से एकाउंटेंसी के सिलेबस को परिवर्तन करने की तैयारी कर रहा है. इसके लिए फीडबैक लिया जा रहा है. फीडबैक के साथ स्टूडेंट्स और टीचर्स को अपना परिचय भी सीबीएसइ को देना होगा. इसके लिए भी कॉलम बनाये गये है. सीबीएसइ के अनुसार फीडबैक के साथ चैप्टर हटाये जाने का कारण भी बताना होगा. ज्ञात हो कि कॉमर्स के 12वीं में एकाउंटेंसी में कई ऐसे चैप्टर हैं जो अब स्टूडेंट्स के काम नहीं आते है. ऐसे में इन चैप्टर को पढ़ने में स्टूडेंट्स के लिए बोरिंग हो जाता है. स्टूडेंट्स के डिमांड पर ही बोर्ड ने एकाउंटेंसी के चैप्टर को चेंज करने का प्लान बनाया हैं.

11वीं में इन चैप्टर को हटाने की सीबीएसइ कर रहा तैयारी
- थ्योरिटिकल फ्रेमवर्क
- एकाउंटिंग प्रोसेस
- फाइनेंशियल स्टेटमेंट्स ऑफ सोले प्रोप्रिटरशीप फॉम कंपीट एंड इंकंपीट रिकार्ड
- फाइनेंशियल स्टेटमेंट्स ऑफ नॉट फॉर प्रोफिट ऑग्रेनाइजेशन
- कंप्यूटर इन एकाउंटिंग
- प्रोजेक्ट वर्क

12वीं में इन चैप्टर को हटाने की सीबीएसइ कर रहा तैयारी
- एकांउटिंग फॉर पार्टनरशिप फॉर्म
- एकाउंटिंग फॉर कंपनीज
- एनालाइसिस ऑफ फाइनेंशियल स्टेटमेंट्स
- कैश फ्लो स्टेटमेंट
- कंप्यूटराइज्ड एकाउंटिंग
- प्रोजेक्ट वर्क
- प्रैक्टिकल वर्क

कोट
कई सालों से एकाउंटेंसी के सिलेबस में परिवर्तन नहीं किया गया है. अब जो प्रतियोगी परीक्षा में एकाउंटेसी से प्रश्न आते है, उसमें कई चैप्टर से बिलकुल ही प्रश्न नहीं रहते है. स्टूडेंट्स के जरूरत भी नहीं होती है. सीबीएसइ का यह प्रयास काफी अच्छा हैं. एक दो चैप्टर को हटा देना चाहिए था.
बीपी राय, कॉमर्स टीचर, सेंट माइकल हाई स्कूल 

No comments:

Post a Comment