स्पेशल कमिटी करें दोनो ही टॉपर की उत्तर पुस्तिका की जांच : विकास कुमार
- पूर्व टॉपर विकास कुमार ने किया सारे विषयों पर स्क्रूटनी के लिए आवेदन
- दोनों टॉपरों में किसे मिले मान्यता, बोर्ड की कमिटी करेगी निर्णय
संवाददाता, पटना
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति एक बार फिर शक के घेरे में आ गया है. इस बार यह शक बोर्ड पर बोर्ड के ही टॉपर ने लगाया है. दस दिन पहले घोषित इंटर साइंस का टॉपर विकास कुमार ने बोर्ड के द्वारा घोषित साइंस टॉपर पर नाराजगी व्यक्त किया है. रविवार को पूर्व टॉपर विकास कुमार बोर्ड के अध्यक्ष लालकेश्वर प्रसाद के पास आकर अपना आवेदन दिया और कहा कि दस दिन के अंदर ही साइंस का टॉपर कैसे चेंज हो गया. अगर बोर्ड के पास पूरी रिजल्ट नहीं थी तो रिजल्ट की घोषणा पूरी रिजल्ट तैयार होने के बाद ही करवाना चाहिए था. विकास कुमार ने अध्यक्ष से स्पेशल कमिटी बनाने की मांग किया है. इस स्पेशल कमिटी से दोनों ही टॉपर (वैशाली का विशाल और समस्तीपुर का विकास कुमार) के सारे विषयों की उत्तर पुस्तिका की जांच करवायी जायें.
- शब्द से लेकर हैंडराइटिंग तक की हो जांच
विकास कुमार ने रविवार को अध्यक्ष से मिलकर कहा कि दोनों ही टॉपर के हर विषय के कॉपी की जांच पूरी तरह से किया गया. इसमें हर शब्द के साथ हैंडराइटिंग की भी जांच होनी चाहिए. प्रश्न के उत्तर देने के तरीके पर विचार किया जायें. स्पेशल कमिटी दोनों ही टॉपर को बुला कर वाइवा भी ले. प्रैक्टिकल के वाइवा के जांच से भी क्वालिटी का पता चल जायेगा. विकास कुमार ने अपने सारे विषयों के उत्तर पुस्तिका को दिखाने की भी मांग अध्यक्ष के पास रखी है.
- स्क्रूटनी के लिए आवेदन दिया विकास कुमार ने
विद्यापति प्लस टू हाई स्कूल, मूवाजिदपुर, समस्तीपुर का साइंस टॉपर विकास कुमार ने रविवार को सारे विषयों के स्क्रूटनी के लिए आवेदन भी दिया है. विकास कुमार ने बताया कि स्क्रूटनी के बाद स्पष्ट हो जायेगा कि मेरा अंक सही था कि गलत. विकास कुमार ने बोर्ड अध्यक्ष से सूचना के अधिकार के तहत अपने उत्तर पुस्तिका की भी मांग किया, लेकिन अध्यक्ष ने अभी फिलहाल उत्तर पुस्तिका उपलब्ध करवाने से मना कर दिया है. विकास कुमार ने बताया कि उसके मानव अधिकार का हनन हुआ है. इस कारण सोमवार को मानवाधिकार आयोग में भी आवेदन देगा.
- 23 से 27 तक चला था स्पेशल स्क्रूटनी का काम
ज्ञात हो कि इस बार इंटर साइंस के रिजल्ट की घोषणा के समय प्रदेश के एक दो कोड के रिजल्ट की घोषणा नहीं किया गया था. इसमें विशुन राय महाविद्यालय, किरतपुर, वैशाली का भी कॉलेज था. इस कॉलेज के रिजल्ट पर शक के कारण रोक लगा दी गयी थी. समिति के अनुसार इस कॉलेज से 1007 छात्र इंटर साइंस की परीक्षा में शामिल हुए. इसमें सारे के सारे छात्र प्रथम श्रेणी में पास कर गये. इतना ही नहीं इस कॉलेज के 222 छात्रों का नाम बोर्ड के टॉप टेन मेरिट लिस्ट में भी शामिल था. इस कॉलेज के अजीबोगरीब रिजल्ट को देखकर बोर्ड ने इस कॉलेज को तमाम छात्रों के उत्तर पुस्तिका की दुबारा जांच करवाने की सोची. इसको लेकर 23 मई से 27 मई तक 20 शिक्षकों की स्पेशल टीम बनायी गयी. इन शिक्षकों से इस कॉलेज के तमाम उत्तर पुस्तिका की जांच करवायी गयी. इसके बाद जो रिजल्ट सामने आया. इसमें कई छात्र के अंक अभी तक के घोषित टॉपर से अधिक पाया गया.
- 16 जून को जारी होगा टॉपर लिस्ट
बोर्ड की ओर से फाइनल टॉपर लिस्ट 16 जून को जारी किया जायेगा. इससे पहले पूर्व टॉपर विकास कुमार के उत्तर पुस्तिका की जांच भी बोर्ड द्वारा करवायी जा सकती है. यह आश्वासन बोर्ड के अध्यक्ष लालकेश्वर प्रसाद सिंह ने टॉपर विकास कुमार को दिया है. विकास कुमार ने बताया कि अभी बोर्ड द्वारा टॉपर लिस्ट जारी नहीं किया गया हैं. 16 जून तक इसमें बदलाव हो सकता है. यह आवश्वास बोर्ड के अध्यक्ष ने उन्हें रविवार को दिया.
कोट
पूर्व टॉपर विकास कुमार रविवार को हमसे मिला है. स्क्रूटनी के बाद जो रिजल्ट आया. हमने उसे बताया है. अब जब विकास कुमार ने दोनों की टॉपर के कॉपी जांच करवाने की मांग की है. इस पर अब फैसला बोर्ड की कमिटी लेगी. हम इस बात को बोर्ड कमेटी के पास रखेंगे. इसी में फैसला लिया जायें कि दोनो की टॉपर के उत्तर पुस्तिका की जांच करवायी जायेगी या नहीं.
लालकेश्वर प्रसाद सिंह, अध्यक्ष, बिहार विद्यालय परीक्षा समिति
- पूर्व टॉपर विकास कुमार ने किया सारे विषयों पर स्क्रूटनी के लिए आवेदन
- दोनों टॉपरों में किसे मिले मान्यता, बोर्ड की कमिटी करेगी निर्णय
संवाददाता, पटना
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति एक बार फिर शक के घेरे में आ गया है. इस बार यह शक बोर्ड पर बोर्ड के ही टॉपर ने लगाया है. दस दिन पहले घोषित इंटर साइंस का टॉपर विकास कुमार ने बोर्ड के द्वारा घोषित साइंस टॉपर पर नाराजगी व्यक्त किया है. रविवार को पूर्व टॉपर विकास कुमार बोर्ड के अध्यक्ष लालकेश्वर प्रसाद के पास आकर अपना आवेदन दिया और कहा कि दस दिन के अंदर ही साइंस का टॉपर कैसे चेंज हो गया. अगर बोर्ड के पास पूरी रिजल्ट नहीं थी तो रिजल्ट की घोषणा पूरी रिजल्ट तैयार होने के बाद ही करवाना चाहिए था. विकास कुमार ने अध्यक्ष से स्पेशल कमिटी बनाने की मांग किया है. इस स्पेशल कमिटी से दोनों ही टॉपर (वैशाली का विशाल और समस्तीपुर का विकास कुमार) के सारे विषयों की उत्तर पुस्तिका की जांच करवायी जायें.
- शब्द से लेकर हैंडराइटिंग तक की हो जांच
विकास कुमार ने रविवार को अध्यक्ष से मिलकर कहा कि दोनों ही टॉपर के हर विषय के कॉपी की जांच पूरी तरह से किया गया. इसमें हर शब्द के साथ हैंडराइटिंग की भी जांच होनी चाहिए. प्रश्न के उत्तर देने के तरीके पर विचार किया जायें. स्पेशल कमिटी दोनों ही टॉपर को बुला कर वाइवा भी ले. प्रैक्टिकल के वाइवा के जांच से भी क्वालिटी का पता चल जायेगा. विकास कुमार ने अपने सारे विषयों के उत्तर पुस्तिका को दिखाने की भी मांग अध्यक्ष के पास रखी है.
- स्क्रूटनी के लिए आवेदन दिया विकास कुमार ने
विद्यापति प्लस टू हाई स्कूल, मूवाजिदपुर, समस्तीपुर का साइंस टॉपर विकास कुमार ने रविवार को सारे विषयों के स्क्रूटनी के लिए आवेदन भी दिया है. विकास कुमार ने बताया कि स्क्रूटनी के बाद स्पष्ट हो जायेगा कि मेरा अंक सही था कि गलत. विकास कुमार ने बोर्ड अध्यक्ष से सूचना के अधिकार के तहत अपने उत्तर पुस्तिका की भी मांग किया, लेकिन अध्यक्ष ने अभी फिलहाल उत्तर पुस्तिका उपलब्ध करवाने से मना कर दिया है. विकास कुमार ने बताया कि उसके मानव अधिकार का हनन हुआ है. इस कारण सोमवार को मानवाधिकार आयोग में भी आवेदन देगा.
- 23 से 27 तक चला था स्पेशल स्क्रूटनी का काम
ज्ञात हो कि इस बार इंटर साइंस के रिजल्ट की घोषणा के समय प्रदेश के एक दो कोड के रिजल्ट की घोषणा नहीं किया गया था. इसमें विशुन राय महाविद्यालय, किरतपुर, वैशाली का भी कॉलेज था. इस कॉलेज के रिजल्ट पर शक के कारण रोक लगा दी गयी थी. समिति के अनुसार इस कॉलेज से 1007 छात्र इंटर साइंस की परीक्षा में शामिल हुए. इसमें सारे के सारे छात्र प्रथम श्रेणी में पास कर गये. इतना ही नहीं इस कॉलेज के 222 छात्रों का नाम बोर्ड के टॉप टेन मेरिट लिस्ट में भी शामिल था. इस कॉलेज के अजीबोगरीब रिजल्ट को देखकर बोर्ड ने इस कॉलेज को तमाम छात्रों के उत्तर पुस्तिका की दुबारा जांच करवाने की सोची. इसको लेकर 23 मई से 27 मई तक 20 शिक्षकों की स्पेशल टीम बनायी गयी. इन शिक्षकों से इस कॉलेज के तमाम उत्तर पुस्तिका की जांच करवायी गयी. इसके बाद जो रिजल्ट सामने आया. इसमें कई छात्र के अंक अभी तक के घोषित टॉपर से अधिक पाया गया.
- 16 जून को जारी होगा टॉपर लिस्ट
बोर्ड की ओर से फाइनल टॉपर लिस्ट 16 जून को जारी किया जायेगा. इससे पहले पूर्व टॉपर विकास कुमार के उत्तर पुस्तिका की जांच भी बोर्ड द्वारा करवायी जा सकती है. यह आश्वासन बोर्ड के अध्यक्ष लालकेश्वर प्रसाद सिंह ने टॉपर विकास कुमार को दिया है. विकास कुमार ने बताया कि अभी बोर्ड द्वारा टॉपर लिस्ट जारी नहीं किया गया हैं. 16 जून तक इसमें बदलाव हो सकता है. यह आवश्वास बोर्ड के अध्यक्ष ने उन्हें रविवार को दिया.
कोट
पूर्व टॉपर विकास कुमार रविवार को हमसे मिला है. स्क्रूटनी के बाद जो रिजल्ट आया. हमने उसे बताया है. अब जब विकास कुमार ने दोनों की टॉपर के कॉपी जांच करवाने की मांग की है. इस पर अब फैसला बोर्ड की कमिटी लेगी. हम इस बात को बोर्ड कमेटी के पास रखेंगे. इसी में फैसला लिया जायें कि दोनो की टॉपर के उत्तर पुस्तिका की जांच करवायी जायेगी या नहीं.
लालकेश्वर प्रसाद सिंह, अध्यक्ष, बिहार विद्यालय परीक्षा समिति
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