स्कूलों में होगी अब एनिमल्स की पढ़ाइ
- सीबीएसइ स्कूलों में अब एनिमल्स के लिए चलेगा स्पेशल क्लास
- पेटा और सीबीएसइ ने मिलकर शुरू किया एनिमल्स अवेयरनेस प्रोग्राम
संवाददाता, पटना
अभी तक कोर्स से संबंधित चीजें और प्रतियोगिता परीक्षा में सफल होने के लिए स्कूलों में पढ़ाई होती थी. लेकिन इस न्यू सेशन से विद्यार्थी को सोशल बनाने की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है. सीबीएसइ ने विद्यार्थी को सोशल बनाने की तैयारी स्कूल स्तर से ही शुरू करने जा रहा है. एक्सपेरिमेंट के तौर पर इसे शुरू किया जा रहा है. फस्र्ट फेज में इसकी पढ़ाई क्लास 6ठीं और 8वीं तक के स्टूडेंट्स के लिए किया जायेगा. इसके बाद यह 9वीं और 10वीं के स्टूडेंट्स के लिए भी एक्स्ट्रा कॉलिकुलम के अंतर्गत पढ़ाई जायेगी.
- पेटा के साथ मिलकर सीबीएसइ देगा एनिमल एजूकेशन
सीबीएसइ ने पीपुल फॉर दी इथिकल ट्रीटमेंट ऑफ एनिमल्स यानी पेटा के साथ मिलकर इसकी शुरुआत कर रहा है. इसके माध्यम से विद्यार्थी को एक अच्छे नागरिक के रूप में बनाने का प्रयास किया जायेगा. इस संबंध में सीबीएसइ की एकेडेमिक हेड डा. साधना पराशर ने बताया कि इसकी शुरूआत पहले 6ठी से 8वीं तक के स्टूडेंट्स को दिया जायेगा. इसमें देश के साथ विदेशों के जानवरों की भी जानकारी विद्यार्थी को दी जायेगी. जानवरों के जीवन के बारे में विद्यार्थी जान पायेगे. इसके साथ विलुप्त हो रहे तमाम एनिमल्स के बारे में भी विद्यार्थी को बताया जायेगा.
- एक्स्ट्रा कॉलिकूलम में जोड़ा जायेगा
एनिमल्स संबंधी कोर्स को दूसरे क्लास के लिए एक्स्ट्रा विषय के रूप में रखा जायेगा. इसके लिए महीने के अंत में 10 दिन का क्लास लिया जायेगा. इसके लिए तमाम स्कूलों को निर्देश दे दिया गया है. इसके अलावा स्कूलों में चल रहे इको क्लब को भी इसमें जोड़ा जायेगा. इस संबंध में साधना पराशर ने बताया कि इस कार्यक्रम के माध्यम से शहर के उन लोगों को भी जोड़ा जायेगा जो अलग-अलग फिल्ड में सोशल एक्टिविटी में काम कर चुके है. स्कूल में इसकी पढ़ाई को लेकर सीबीएसइ नेशनल जोगरफी चैनल से भी संपर्क करने की सोच रहा है. हफ्ते में एक दिन इस चैनल की मदद से एनिमल्स की जानकारी दी जायेगी.
एनिमल्स के बारे में ये जान पायेंगे स्टूडेंट्स
- देश के साथ विदेशी जानवरों की मिलेगी जानकारी
- एनिमल्स के लाइफ की पूरी जानकारी मिलेगी
- खान पान और उसके लाइफ स्टाइल को जान पायेगे छात्र
- इको सिस्टम में जानवरों के महत्व को बताया जायेगा
- इंसान के लाइफ में किस तरह जानवरों का इंपोटेंश है इसे जान पायेगे स्टूडेंट्स
- जानवरों को फ्रेंडली बनाने के गुर भी बताया जायेगा
- किसी जानकारी का लाइफ डियूरेशन कितना होता है इसकी भी मिलेगी जानकारी
कोट
एनिमल्स के प्रति बच्चों का रूझान तभी बढ़ेगा जब उन्हें उसके बारे में जानकारी मिलेगी. सीबीएसइ की ओर से यह करना काफी सराहनीय है. इसे हर क्लास के लिए लागू किया जायें. बचपन में अगर बच्चे एनिमल्स के बारे में जान पायेगे तो वो उन जानवरों के प्रति संवेदनशील होंगें.
सीबी सिंह, सचिव, पाटलिपुत्र सहोदया
- सीबीएसइ स्कूलों में अब एनिमल्स के लिए चलेगा स्पेशल क्लास
- पेटा और सीबीएसइ ने मिलकर शुरू किया एनिमल्स अवेयरनेस प्रोग्राम
संवाददाता, पटना
अभी तक कोर्स से संबंधित चीजें और प्रतियोगिता परीक्षा में सफल होने के लिए स्कूलों में पढ़ाई होती थी. लेकिन इस न्यू सेशन से विद्यार्थी को सोशल बनाने की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है. सीबीएसइ ने विद्यार्थी को सोशल बनाने की तैयारी स्कूल स्तर से ही शुरू करने जा रहा है. एक्सपेरिमेंट के तौर पर इसे शुरू किया जा रहा है. फस्र्ट फेज में इसकी पढ़ाई क्लास 6ठीं और 8वीं तक के स्टूडेंट्स के लिए किया जायेगा. इसके बाद यह 9वीं और 10वीं के स्टूडेंट्स के लिए भी एक्स्ट्रा कॉलिकुलम के अंतर्गत पढ़ाई जायेगी.
- पेटा के साथ मिलकर सीबीएसइ देगा एनिमल एजूकेशन
सीबीएसइ ने पीपुल फॉर दी इथिकल ट्रीटमेंट ऑफ एनिमल्स यानी पेटा के साथ मिलकर इसकी शुरुआत कर रहा है. इसके माध्यम से विद्यार्थी को एक अच्छे नागरिक के रूप में बनाने का प्रयास किया जायेगा. इस संबंध में सीबीएसइ की एकेडेमिक हेड डा. साधना पराशर ने बताया कि इसकी शुरूआत पहले 6ठी से 8वीं तक के स्टूडेंट्स को दिया जायेगा. इसमें देश के साथ विदेशों के जानवरों की भी जानकारी विद्यार्थी को दी जायेगी. जानवरों के जीवन के बारे में विद्यार्थी जान पायेगे. इसके साथ विलुप्त हो रहे तमाम एनिमल्स के बारे में भी विद्यार्थी को बताया जायेगा.
- एक्स्ट्रा कॉलिकूलम में जोड़ा जायेगा
एनिमल्स संबंधी कोर्स को दूसरे क्लास के लिए एक्स्ट्रा विषय के रूप में रखा जायेगा. इसके लिए महीने के अंत में 10 दिन का क्लास लिया जायेगा. इसके लिए तमाम स्कूलों को निर्देश दे दिया गया है. इसके अलावा स्कूलों में चल रहे इको क्लब को भी इसमें जोड़ा जायेगा. इस संबंध में साधना पराशर ने बताया कि इस कार्यक्रम के माध्यम से शहर के उन लोगों को भी जोड़ा जायेगा जो अलग-अलग फिल्ड में सोशल एक्टिविटी में काम कर चुके है. स्कूल में इसकी पढ़ाई को लेकर सीबीएसइ नेशनल जोगरफी चैनल से भी संपर्क करने की सोच रहा है. हफ्ते में एक दिन इस चैनल की मदद से एनिमल्स की जानकारी दी जायेगी.
एनिमल्स के बारे में ये जान पायेंगे स्टूडेंट्स
- देश के साथ विदेशी जानवरों की मिलेगी जानकारी
- एनिमल्स के लाइफ की पूरी जानकारी मिलेगी
- खान पान और उसके लाइफ स्टाइल को जान पायेगे छात्र
- इको सिस्टम में जानवरों के महत्व को बताया जायेगा
- इंसान के लाइफ में किस तरह जानवरों का इंपोटेंश है इसे जान पायेगे स्टूडेंट्स
- जानवरों को फ्रेंडली बनाने के गुर भी बताया जायेगा
- किसी जानकारी का लाइफ डियूरेशन कितना होता है इसकी भी मिलेगी जानकारी
कोट
एनिमल्स के प्रति बच्चों का रूझान तभी बढ़ेगा जब उन्हें उसके बारे में जानकारी मिलेगी. सीबीएसइ की ओर से यह करना काफी सराहनीय है. इसे हर क्लास के लिए लागू किया जायें. बचपन में अगर बच्चे एनिमल्स के बारे में जान पायेगे तो वो उन जानवरों के प्रति संवेदनशील होंगें.
सीबी सिंह, सचिव, पाटलिपुत्र सहोदया
No comments:
Post a Comment