Sunday, April 19, 2015

बैंक खाते पर लगी रोक, अब डीएवी बीएसइबी के टीचर्स की सैलरी पर संकट

बैंक खाते पर लगी रोक, अब डीएवी बीएसइबी के टीचर्स की सैलरी पर संकट

- टीचर्स और स्कूल स्टॉफ को सैलरी देने के लिए दो करोड़ रुपये ट्रांसफर चाहते थे वर्तमान प्राचार्य
संवाददाता, पटना
पहले स्टूडेंट्स की पढ़ाई पर संकट हो रहा था. अब डीएवी बीएसइबी के तमाम टीचर्स के मेहनतनामा पर रोक लग गयी है. पिछले दो महीनों से इंतजार कर रहे स्कूल के स्टॉफ को इस महीने भी सैलरी नहीं मिल पायेगी. डीएवी बीएसइबी के एलएमसी (लोकल मैनेजिंग कमेटी) की ओर से बैंक ऑफ इंडिया के पास स्कूल संबंधित सारे खाते पर रोक लगा दी गयी है. बैंक ऑफ इंडिया में चल रहे डीएवी बीएसइबी के स्कूल खाते के रोक लगने से डीएवी बीएसइबी के तमाम टीचर्स के साथ तमाम स्टॉफ (ट्रांसपोटर्स, गार्ड, माली) की सैलरी रूक जायेगी.
- दो बैंक से चलता है डीएवी बीएसइबी का काम
डीएवी बीएसइबी में दो बैंक से स्कूल का संचालन होता है. बैंक ऑफ इंडिया में स्टूडेंट्स का फी जमा होता है. वहीं स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, राजवंशी नगर से टीचर्स और नॉन टिचिंग स्टॉफ को सैलरी मिलती है. हर महीने स्कूल मैनेजमेंट की ओर से बैंक ऑफ इंडिया से पैसे को स्टेट बैंक ऑॅफ इंडिया में ट्रांसफर करवाया जाता है. इस राशि से टीचर्स के साथ नॉन टीचिंग स्टॉफ को सैलरी दी जाती है. हर महीने की तरह इस बार भी वर्तमान प्रभारी प्राचार्य ने पैसे ट्रांसफर करने के लिए चेक बैंक ऑफ इंडिया के पास भेजा. इसकी जानकारी बैंक की ओर से बीएसइबी के लोकल मैनेजमेंट कमेटी को दिया गया. इसके बाद बीएसइबी के लोकल मैनेजमेंट कमेटी ने रुपये के ट्रांसफर पर रोक लगा दी.

कोट
डीएवी बीएसइबी एक प्रोजेक्ट स्कूल हैं. स्कूल डेवलपमेंट संबंधित पैसे बैंक ऑफ इंडिया में जमा होते है. ऐसे में अगर बैंक ऑफ इंडिया से पैसे निकाली जाती है तो उस पर एलएमसी के तीन सदस्यों में से दो की अनुमति जरूरी है. चुकी वर्तमान प्राचार्य प्रभारी के रूप में कार्यरत है. ऐसे में उन्हें इस पैसे का ट्रांसफर करने का अधिकार नहीं है. वर्तमान प्राचार्य ने दो करोड़ रुपये निकालने की वजह भी नही बताया है.
राजीव रंजन सिन्हा, अध्यक्ष, डीएवी लोकल मैनेजमेंट कमेटी

हर महीने बैक ऑफ इंडिया से पैसे निकाल कर टीचर्स को सैलरी दी जाती है. चुकी स्कूल की फी बैंक ऑफ इंडिया में जमा होता है. इस कारण हर महीने पैसे को ट्रांसफर एक बैंक से दूसरे बैंक में किया जाता है. चुकी दो महीने से नॉन टीचिंग स्टॉफ को सैलरी नहीं मिली है. वहीं इस महीने की टीचर्स की सैलरी भी अभी दिया जाना था. हर महीने बैंक ऑफ इंडिया के इस खाते से पैसे ट्रांसफर होते रहे है. इस कारण वजह नहीं बताया हैं.
इंद्रजीत राय, प्रभारी प्राचार्य, डीएवी बीएसइबी 

No comments:

Post a Comment