Sunday, April 5, 2015

12वीं में सेंटप हुए 1327 स्टूडेंट्स, एटेंडेंस मात्र 1239 का बनता था

12वीं में सेंटप हुए 1327 स्टूडेंट्स, एटेंडेंस मात्र 1239 का बनता था

- 88 स्टूडेंट्स का नहीं है पता स्कूल के पास
- सेंट माइकल में चल रहे 12वीं बोर्ड की परीक्षा में डीएवी के छात्र हैं एबसेंट
संवाददाता, पटना
11वीं में स्टूडेंट्स की संख्या 1507 थी. 12वीं में 1327 स्टूडेंट्स का नामांकन लिया गया. इतने ही स्टूडेंट्स 12वी बोर्ड के लिए सेंटप भी किये गये. लेकिन 12वीं के क्लास एटेंडेंस रजिस्टर की बात करें तो 1239 स्टूडेंट्स ही क्लास करते थे. सीबीएसइ के पास एलओसी में 1327 स्टूडेंट्स का डिटेल्स भेजा गया था. 12 अप्रैल 2014 को डीएवी बीएसइबी की ओर से सीबीएसइ के पास भेजी जानकारी के अनुसार 12वीं में 1239 स्टूडेंट्स पढ़ रहे है. लेकिन जब 12वीं बोर्ड के लिए स्टूडेंट्स को सेंटप किया गया तो इसकी संख्या बढ़ कर 1327 हो गयी. सीबीएसइ के पास भेजे गये एलओसी और 12वीं के एटेंडेंस रजिस्टर में कुल 88 स्टूडेंट्स इधर से उधर होते रहे. यह जानकारी उन रिपोर्ट से प्राप्त की गयी हैं. सीबीएसइ के विजिलेंस डिपार्टमेंट की ओर से यह प्रश्न चिन्ह लगाया गया कि डीएवी बीएसइबी में एटेंडेंस रजिस्टर पर जितने स्टूडेंट्स की संख्या है उससे अधिक स्टूडेंट्स का नामांकन स्कूल ने लिया है.
 - 180 स्टूडेंट्स 11वीं में कर दिये गये फेल
डीएवी बीएसइबी के प्लस टू 2013-15 सत्र के लिए 1507 छात्रों का नामांकन लिया गया. इन छात्रों को पढ़ाने के लिए कुल 40 सेक्शन भी बनाये गये थे. लेकिन 12वीं में इन छात्रों की संख्या घट कर 1327 हो गयी. कुल 180 छात्र को 11वीं में फेल  कर दिया गया. 12वीं में नामांकन तो 1327 का हुआ. लेकिन इसमें 88 छात्रों को स्कूल प्रबंधन की ओर से लगातार झूठ बोला गया कि वो 11वीं में फेल कर गया है. इससे उन्हें स्कूल में 12वीं क्लास में क्लास भी नहीं करने दिया जाता था. स्कूल प्रबंधन की ओर से उन्हें स्कूल कैंपस में चल रहें कोचिंग संस्थान से जोर कर रखा गया. जब सीबीएसइ की ओर से 12वीं बोर्ड के लिए एडमिट कार्ड जारी किया गया तो इसके लिए एक महीने का समय दिया गया. लेकिन डीएवी बीएसइबी ने इन 88 छात्रों को बोर्ड परीक्षा शुरू होने के एक सप्ताह पहले बताया कि एडमिट कार्ड सीबीएसइ ने अभी भेजा है.
- नहीं दे पा रहे स्टूडेंटस बोर्ड परीक्षा
सीबीएसइ बोर्ड की 12वीं बोर्ड की परीक्षा चल रही हैं. डीएवी बीएसइबी के 12वीं के छात्रों का परीक्षा केंद्र सेंट माइकल हाई स्कूल में दिया गया है. लेकिन परीक्षा केंद्र पर डीएवी परीक्षार्थी एबसेंट हो रहे है. डीएवी सूत्रों की माने तो कुल 88 परीक्षार्थी में कई को पैसे के लेने देन के कारण एडमिट कार्ड इस बेसिस पर नहीं दिया गया कि उनका एडमिट कार्ड सीबीएसइ ने नहीं भेजा था. 88 छात्रों में उन 22 परीक्षार्थी को स्कूल ने एडमिट कार्ड निर्गत कर दिया. जिन्होंने मोटी रकम स्कूल को उपलब्ध करवा दिया. बांकी प्रिया रॉय के साथ 66 स्टूडेंट्स ऐसे थे जिन्हें एडमिट कार्ड नही दिया गया. उन्हें कहा गया कि सीबीएसइ ने एडमिट कार्ड नहीं भेजा है.
- नामांकन के फस्र्ट लिस्ट में आया था प्रिया रॉय का नाम
प्रिया राय ने 10वी बोर्ड मुजफ्फपुर से किया था. 10वीं बोर्ड में उसे 9.6 सीजीपीए आया था. इसके बाद वो पटना के डीएवी, बीएसइबी में नामांकन के लिए आवेदन भरा. आवेदन भरने के बाद स्कूल की ओर से एडमिशन टेस्ट लिया गया. इस टेस्ट में प्रिया रॉय अच्छे अंक से पास कर गयी. सीरियल में 42वें नंबर पर रही प्रिया रॉय का नाम फस्र्ट लिस्ट में ही आ गया था. इसके बाद 11वीं में नामांकन लिया. प्रिया राय के पिता समीर रॉय ने बताया कि नामांकन के समय स्कूल की ओर से 26 हजार रूपये लिये गये. इसके बाद हर तीन महीने पर साढ़े दस हजार रूपये स्कूल फी के रूप में जमा होता रहा. यह अप्रैल 2013 से अप्रैल 2014 तक चला. अप्रैल 2014 के बाद स्कूल ने फी लेना बंद कर दिया. इसके बाद कहा गया कि 12वीं बोर्ड होने के समय अब एक बार ही अब पूरा फी जमा करना होगा.

No comments:

Post a Comment