सीबीएसइ की वोकेशनल कोर्स को यूजीसी ने दिया मान्यता
- सीबीएसइ के वोकेशनल कोर्स के कई विषयों से ग्रेजुएशन कर पायेंगे 12वीं के स्टूडेंट्स
- 2015 से होगा लागू
संवाददाता, पटना
वोकेशनल कोर्स से प्लस टू का सर्टिफिकेट लेने वाले सीबीएसइ स्टूडेंट्स के लिए खुशखबरी है. जो स्टूडेंट्स ने वोकेशनल कोर्स से प्लस टू कर रहें है, उन्हें अब डायरेक्टर एडमिशन कॉलेंजों में हो जायेगा. जिस वोकेशनल कोर्स से स्टूडेंट्स प्लस टू का सर्टिफिकेट लिया है, उसी विषय से वो ग्रेजुएशन की डिग्री भी ले पायेंगे. इस बात का फैसला सीबीएसइ और यूजीसी के बीच हुआ है. 2015 में वोकेशनल कोर्स से प्लस टू करने वाले स्टूडेंट्स को इसका फायदा होगा. क्योंकि इसी सत्र से इसे लागू किया जा रहा है. सीबीएसइ सूत्रों की माने तो इसकी जानकारी तमाम यूनिवर्सिटी के पास भेज दिया गया है. ग्रेजुएशन का नामांकन शुरू होने के बाद ऐसे छात्र सीधे अपना नामांकन करवा सकेंगे.
- कॉलेजों में पढ़ाई जायेगी अब सीबीएसइ कोर्स
वोकेशनल कोर्स को बढ़ावा देकर ही एजूकेशन सिस्टम को सही किया जा सकता है. कई ऐसे क्षेत्र है जहां पर जॉब ऑपरच्यूनिटी काफी अच्छी है, लेकिन छात्रों को पता नहीं होने के कारण वो भटक जाते है. यूथ को सही दिशा में सही मंजिल मिले, इसके लिए अब यूजीसी (यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन) और सीबीएसइ ने साथ मिलकर इसे आगे बढ़ाने का फैसला लिया है. सीबीएसइ स्कूलों में चलाये जा रहे कुछ वोकेशनल कोर्स को यूजीसी ने इसी फैसला के अंतर्गत मान्यता दिया है. अब स्टूडेंट्स 9वीं और 11वीं में जो वोकेशनल कोर्स को लेकर पढ़ाई शुरू करेंगे, उन्हें कॉलेजों में उस वोकेशनल कोर्स को करने के मौका मिलेगा. इससे वो एक ही विषय में हायर लेवल की डिग्री प्राप्त कर सकेंगे.
- 13 वोकेशनल कोर्स को मिली मान्यता
स्टूडेंट्स वोकेशनल कोर्स में स्टडी करना चाहते हे तो उन्हें अपने कॉलेज से ही यह सुविधा इस वर्ष से मिलेगी. यूजीसी ने कॉलेजों में 13 वोकेशनल कोर्स शुरू करने का फैसला लिया है. यह वोकेशनल कोर्स यूजी लेवल के होंगे. इसमें स्टूडेंट्स को स्पेशनलाइज्ड क्षेत्र का सर्टिफिकेट प्रोफाइड किया जायेगा. वोकेशनल कोर्स के लिए मिनिस्ट्री ऑफ हयूमन रिसोर्स ने नेशनल वोकेशनल एजूकेशनल क्वालिफिकेशन फ्रेमवर्क का गठन किया है. यह कोर्स स्टूडेंट्स अपनी पसंद के हिसाब से सेलेक्ट कर सकते है.
यूजी लेवल पर किसी संस्थान में नहीं है कोर्स
सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजूकेशन और यूजीसी ने इन कोर्स को शुरू करने के पीछे मकसद है कि ग्रेजुएशन लेवल पर इस कोर्स को पढ़ाने वाले संस्थान न के बराबर है. यदि स्टूडेंट्स इन कोर्स में ग्रेजुएशन करते है, तो उनकी नॉलेज तो बढ़ेगी ही, साथ ही उन्हें रोजगार के नये अवसर प्राप्त होंगे. यूजीसी ने जिन पाठयक्रमों की लिस्ट भेजी है, ये अब तक सीबीएसइ में पढ़ाये जाते रहे है.
- पटना के स्कूलों में भी शुरू होगा वोकेशनल कोर्स
सीबीएसइ ने देश भर के स्कूलों को यह निर्देश दिया है कि 2014-15 सत्र से हर स्कूलों में वोकेशनल कोर्स की पढ़ाई शुरू किया जायें. इससे छात्र रेगूलर क्लास के अलावा वोकेशनल कोर्स भी कर पायेंगे. हर छात्र को एक ना एक वोकेशनल कोर्स करना ही होगा. अब छात्र अपने पसंद के अनुसार कोर्स चुन सकते है. छात्र के चुने गये विषयों के आधार पर स्कूल उन्हें सुविधा मुहैया करवायेगा. ज्ञात हो कि बोर्ड द्वारा 40 वोकेशनल कोर्स चलाये जा रहे है. इसमें 13 कोर्स को यूजीसी द्वारा कॉलेजों में चलायें जायेंगे.
यूजीसी ने इन कोर्स को दिया है मान्यता
लीगल स्टडीज,
हयूमन एंड जेंडर स्टडीज,
थिएटर स्टडीज,
एनसीसी,
हरिटेज क्राफ्टर डिजाइन,
क्रिएटिव राइटिंग एंड ट्रांसलेशन स्टडीज,
फंक्शनल इंगलिश,
एंटरप्रिन्योरशिप,
बायोटेक्नोलॉजी,
फैशन स्टडीज,
मीडिया स्टडीज,
नॉलेज ट्रेडिशन एंड प्रैक्टिसेज ऑफ इंडिया,
ग्राफिक डिजाइन
कोट
सीबीएसइ कई सालों से इस प्रयास में था कि यूजीसी ने वोकेशनल कोर्स को मान्यता मिल जायें. इससे छात्र में काफी उत्साह होगा. अभी यूजीसी ने 13 कोर्स को मान्यता दिया है, लेकिन जल्द ही दूसरे और भी कोर्स में यह सुविधा दी जायेगी.
सीबी सिंह, सचिव, सीबीएसइ पाटलिपुत्र सहोदया
- सीबीएसइ के वोकेशनल कोर्स के कई विषयों से ग्रेजुएशन कर पायेंगे 12वीं के स्टूडेंट्स
- 2015 से होगा लागू
संवाददाता, पटना
वोकेशनल कोर्स से प्लस टू का सर्टिफिकेट लेने वाले सीबीएसइ स्टूडेंट्स के लिए खुशखबरी है. जो स्टूडेंट्स ने वोकेशनल कोर्स से प्लस टू कर रहें है, उन्हें अब डायरेक्टर एडमिशन कॉलेंजों में हो जायेगा. जिस वोकेशनल कोर्स से स्टूडेंट्स प्लस टू का सर्टिफिकेट लिया है, उसी विषय से वो ग्रेजुएशन की डिग्री भी ले पायेंगे. इस बात का फैसला सीबीएसइ और यूजीसी के बीच हुआ है. 2015 में वोकेशनल कोर्स से प्लस टू करने वाले स्टूडेंट्स को इसका फायदा होगा. क्योंकि इसी सत्र से इसे लागू किया जा रहा है. सीबीएसइ सूत्रों की माने तो इसकी जानकारी तमाम यूनिवर्सिटी के पास भेज दिया गया है. ग्रेजुएशन का नामांकन शुरू होने के बाद ऐसे छात्र सीधे अपना नामांकन करवा सकेंगे.
- कॉलेजों में पढ़ाई जायेगी अब सीबीएसइ कोर्स
वोकेशनल कोर्स को बढ़ावा देकर ही एजूकेशन सिस्टम को सही किया जा सकता है. कई ऐसे क्षेत्र है जहां पर जॉब ऑपरच्यूनिटी काफी अच्छी है, लेकिन छात्रों को पता नहीं होने के कारण वो भटक जाते है. यूथ को सही दिशा में सही मंजिल मिले, इसके लिए अब यूजीसी (यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन) और सीबीएसइ ने साथ मिलकर इसे आगे बढ़ाने का फैसला लिया है. सीबीएसइ स्कूलों में चलाये जा रहे कुछ वोकेशनल कोर्स को यूजीसी ने इसी फैसला के अंतर्गत मान्यता दिया है. अब स्टूडेंट्स 9वीं और 11वीं में जो वोकेशनल कोर्स को लेकर पढ़ाई शुरू करेंगे, उन्हें कॉलेजों में उस वोकेशनल कोर्स को करने के मौका मिलेगा. इससे वो एक ही विषय में हायर लेवल की डिग्री प्राप्त कर सकेंगे.
- 13 वोकेशनल कोर्स को मिली मान्यता
स्टूडेंट्स वोकेशनल कोर्स में स्टडी करना चाहते हे तो उन्हें अपने कॉलेज से ही यह सुविधा इस वर्ष से मिलेगी. यूजीसी ने कॉलेजों में 13 वोकेशनल कोर्स शुरू करने का फैसला लिया है. यह वोकेशनल कोर्स यूजी लेवल के होंगे. इसमें स्टूडेंट्स को स्पेशनलाइज्ड क्षेत्र का सर्टिफिकेट प्रोफाइड किया जायेगा. वोकेशनल कोर्स के लिए मिनिस्ट्री ऑफ हयूमन रिसोर्स ने नेशनल वोकेशनल एजूकेशनल क्वालिफिकेशन फ्रेमवर्क का गठन किया है. यह कोर्स स्टूडेंट्स अपनी पसंद के हिसाब से सेलेक्ट कर सकते है.
यूजी लेवल पर किसी संस्थान में नहीं है कोर्स
सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजूकेशन और यूजीसी ने इन कोर्स को शुरू करने के पीछे मकसद है कि ग्रेजुएशन लेवल पर इस कोर्स को पढ़ाने वाले संस्थान न के बराबर है. यदि स्टूडेंट्स इन कोर्स में ग्रेजुएशन करते है, तो उनकी नॉलेज तो बढ़ेगी ही, साथ ही उन्हें रोजगार के नये अवसर प्राप्त होंगे. यूजीसी ने जिन पाठयक्रमों की लिस्ट भेजी है, ये अब तक सीबीएसइ में पढ़ाये जाते रहे है.
- पटना के स्कूलों में भी शुरू होगा वोकेशनल कोर्स
सीबीएसइ ने देश भर के स्कूलों को यह निर्देश दिया है कि 2014-15 सत्र से हर स्कूलों में वोकेशनल कोर्स की पढ़ाई शुरू किया जायें. इससे छात्र रेगूलर क्लास के अलावा वोकेशनल कोर्स भी कर पायेंगे. हर छात्र को एक ना एक वोकेशनल कोर्स करना ही होगा. अब छात्र अपने पसंद के अनुसार कोर्स चुन सकते है. छात्र के चुने गये विषयों के आधार पर स्कूल उन्हें सुविधा मुहैया करवायेगा. ज्ञात हो कि बोर्ड द्वारा 40 वोकेशनल कोर्स चलाये जा रहे है. इसमें 13 कोर्स को यूजीसी द्वारा कॉलेजों में चलायें जायेंगे.
यूजीसी ने इन कोर्स को दिया है मान्यता
लीगल स्टडीज,
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कोट
सीबीएसइ कई सालों से इस प्रयास में था कि यूजीसी ने वोकेशनल कोर्स को मान्यता मिल जायें. इससे छात्र में काफी उत्साह होगा. अभी यूजीसी ने 13 कोर्स को मान्यता दिया है, लेकिन जल्द ही दूसरे और भी कोर्स में यह सुविधा दी जायेगी.
सीबी सिंह, सचिव, सीबीएसइ पाटलिपुत्र सहोदया
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