डीएवी बीएसइबी में 11वीं में नामांकन लेने से पहले देखें सीबीएसइ वेबसाइट
- 31 मार्च 2015 को खत्म हो जायेगा डीएवी बीएसइबी का प्लस टू का प्रोविजनल एफिलिएशन
- सीबीएसइ अगले महीने नॉन एफिलिएशन में डालेगा डीएवी, बीएसइबी का नाम
संवाददाता, पटना
प्लस टू में डीएवी बीएसइबी में नामांकन लेने से पहले सीबीएसइ के वेबसाइट को जरूर चेक कर ले. क्योंकि मार्च के बाद डीएवी बीएसइबी को नॉन एफिलियेट किया जा सकता है. नॉन एफिलिऐट होने के बाद सीबीएसइ उसे वेबसाइट पर डालेगी. क्योंकि डीएवी बीएसइबी का 31 मार्च 2015 को प्रोविजनल एफिलिएशन खत्म हो रहा हैं. ऐसे में दुबारा आवेदन देने के बाद भी सीबीएसइ ने स्कूल को अभी तक प्लस टू के लिए प्रोविजनल एफिलिएशन नहीं दिया है. इस कारण इस बार डीएवी बीएसइबी में 11वीं में नामांकन लेने से पहले एक बार सीबीएसइ के वेबसाइट को जरूर चेक कर ले. क्योंकि अप्रैल में बोर्ड अपने वेबसाइट पर उन तमाम स्कूलों का नाम डालती हैं जिसे नॉन एफिलिएटेड किया जाता है. ज्ञात हो कि डीएवी बीएसइबी में प्लस टू लेवल पर कई तरह की गड़बड़ियां मिलने के बाद सीबीएसइ ने डीएवी बीएसइबी को एक महीने का सो कॉज नोटिस दिया है. जिसमें सीबीएसइ ने स्कूल से पूछा है कि उनके सीनियर सेकेंडरी स्कूल का एफिलिएशन क्यूं ना खत्म कर दिया जायें. इसके जवाब के लिए सीबीएसइ ने स्कूल को एक महीने का समय दिया हैं.
- वेबसाइट देखें तभी ले 11वीं में नामांकन
सीबीएसइ के एफिलिएशन वाली सूचना देखने के बाद ही स्कूल में नामांकन लेने की सोचें. डीएवी बीएसइबी को प्वाइंट करते हुए सीबीएसइ ने अभिभावकों को सचेत किया है. सीबीएसइ की माने तो मार्च में बोर्ड परीक्षा खत्म होने के साथ 11वीं में नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो जाती है. कुछ स्कूल अप्रैल में 11वीं में नामांकन की प्रक्रिया शुरू भी कर देते है. आवेदन फार्म भरने के बाद एंट्रांस टेस्ट देने के बाद नामांकन लिया जायेगा. कुछ स्कूलों में तो टॉपर स्टूडेंट्स का नामांकन 11वीं में डायरेक्ट ही नामांकन लेते हैं. ऐसे में स्कूल के एफिलिएशन की जांच करने के बाद ही नामांकन करवाने की सोचे. इसके लिए अभिभावक स्कूल से एफिलिएशन नंबर मांग सकते है. वहीं सीबीएसइ के वेबसाइट पर जाकर भी चेक कर सकते हैं.
- 31 मार्च 2015 को खत्म हो जायेगा प्रोविजनल एफिलिएशन
सीबीएसइ के अनुसार देश भर के कई स्कूलों के प्रोविजनल एफिलिएशन 31 मार्च 2015 को खत्म हो जायेगा. एक बार में तीन साल के लिए सीबीएसइ की ओर से प्रोविजनल एफिलिएशन मिलता है. तीन साल का टम पूरा होने के बाद दुबारा फिर प्रोविजनल एफिलिएशन के लिए स्कूल को आवेदन देना होता है. ऐेसे में सीबीएसइ की ओर से ऑन द स्पॉट स्कूल कैंपस में जाकर औचक निरीक्षण किया जाता है. औचक निरीक्षण में सही पाये जाने पर ही बोर्ड की ओर से प्रोविजनल एफिलिएशन स्कूल को दिया जाता हैं. औचक निरीक्षण में स्टूडेंट्स की संख्या, टीचर्स की संख्या, क्लास रूम की संख्या, रेगुलर क्लासेज, लैब, लाइब्रेरी के साथ तमाम इंफ्रांस्ट्रक्चर आदि को देखा जाता है. सीबीएसइ की माने तो 2015 में जिन स्कूलों का प्रोविजनल एफिलिएशन समाप्त हो रहा है. उन स्कूलों का औचक निरीक्षण 2014 अक्टूबर से मार्च 2015 तक किया जा रहा है. ऐसे में अप्रैल के सेशन शुरू होने से पहले सीबीएसइ वेबसाइट पर सूची को डाल देगी जिसमें जिन स्कूलों को एफिलिएशन मिला होगा और जिनको एफिलिएशन नहीं मिला होगा, दोनों की स्कूल शामिल होंगे.
कोट
सीबीएसइ के विजिलेंस और एफिलिएशन कमेटी की ओर से कार्रवाई की जा रही हैं. स्कूल को सो कॉज नोटिस देने के बाद स्कूल जवाब देना होगा. स्कूल के जवाब देने के बाद सीबीएसइ की कमेटी फिर स्कूल की जांच करेगी. ऐसे में कमेटी के सैटिसफाइड होने के बाद ही
डीएस सिंह, जांच कमेटी के सदस्य, सेवानिवृत ज्वाइंट डायरेक्टर, नवोदय विद्यालय
नोट : इस संबंध में डीएवी बीएसइबी के प्रिंसिपल रामानुज प्रसाद से बात करने की कोशिश की गयी, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया. उसके मोबाइल नंबर पर दो बार कॉल किया गया.
13 feb. 2015 on prabhat khabar, patna
- 31 मार्च 2015 को खत्म हो जायेगा डीएवी बीएसइबी का प्लस टू का प्रोविजनल एफिलिएशन
- सीबीएसइ अगले महीने नॉन एफिलिएशन में डालेगा डीएवी, बीएसइबी का नाम
संवाददाता, पटना
प्लस टू में डीएवी बीएसइबी में नामांकन लेने से पहले सीबीएसइ के वेबसाइट को जरूर चेक कर ले. क्योंकि मार्च के बाद डीएवी बीएसइबी को नॉन एफिलियेट किया जा सकता है. नॉन एफिलिऐट होने के बाद सीबीएसइ उसे वेबसाइट पर डालेगी. क्योंकि डीएवी बीएसइबी का 31 मार्च 2015 को प्रोविजनल एफिलिएशन खत्म हो रहा हैं. ऐसे में दुबारा आवेदन देने के बाद भी सीबीएसइ ने स्कूल को अभी तक प्लस टू के लिए प्रोविजनल एफिलिएशन नहीं दिया है. इस कारण इस बार डीएवी बीएसइबी में 11वीं में नामांकन लेने से पहले एक बार सीबीएसइ के वेबसाइट को जरूर चेक कर ले. क्योंकि अप्रैल में बोर्ड अपने वेबसाइट पर उन तमाम स्कूलों का नाम डालती हैं जिसे नॉन एफिलिएटेड किया जाता है. ज्ञात हो कि डीएवी बीएसइबी में प्लस टू लेवल पर कई तरह की गड़बड़ियां मिलने के बाद सीबीएसइ ने डीएवी बीएसइबी को एक महीने का सो कॉज नोटिस दिया है. जिसमें सीबीएसइ ने स्कूल से पूछा है कि उनके सीनियर सेकेंडरी स्कूल का एफिलिएशन क्यूं ना खत्म कर दिया जायें. इसके जवाब के लिए सीबीएसइ ने स्कूल को एक महीने का समय दिया हैं.
- वेबसाइट देखें तभी ले 11वीं में नामांकन
सीबीएसइ के एफिलिएशन वाली सूचना देखने के बाद ही स्कूल में नामांकन लेने की सोचें. डीएवी बीएसइबी को प्वाइंट करते हुए सीबीएसइ ने अभिभावकों को सचेत किया है. सीबीएसइ की माने तो मार्च में बोर्ड परीक्षा खत्म होने के साथ 11वीं में नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो जाती है. कुछ स्कूल अप्रैल में 11वीं में नामांकन की प्रक्रिया शुरू भी कर देते है. आवेदन फार्म भरने के बाद एंट्रांस टेस्ट देने के बाद नामांकन लिया जायेगा. कुछ स्कूलों में तो टॉपर स्टूडेंट्स का नामांकन 11वीं में डायरेक्ट ही नामांकन लेते हैं. ऐसे में स्कूल के एफिलिएशन की जांच करने के बाद ही नामांकन करवाने की सोचे. इसके लिए अभिभावक स्कूल से एफिलिएशन नंबर मांग सकते है. वहीं सीबीएसइ के वेबसाइट पर जाकर भी चेक कर सकते हैं.
- 31 मार्च 2015 को खत्म हो जायेगा प्रोविजनल एफिलिएशन
सीबीएसइ के अनुसार देश भर के कई स्कूलों के प्रोविजनल एफिलिएशन 31 मार्च 2015 को खत्म हो जायेगा. एक बार में तीन साल के लिए सीबीएसइ की ओर से प्रोविजनल एफिलिएशन मिलता है. तीन साल का टम पूरा होने के बाद दुबारा फिर प्रोविजनल एफिलिएशन के लिए स्कूल को आवेदन देना होता है. ऐेसे में सीबीएसइ की ओर से ऑन द स्पॉट स्कूल कैंपस में जाकर औचक निरीक्षण किया जाता है. औचक निरीक्षण में सही पाये जाने पर ही बोर्ड की ओर से प्रोविजनल एफिलिएशन स्कूल को दिया जाता हैं. औचक निरीक्षण में स्टूडेंट्स की संख्या, टीचर्स की संख्या, क्लास रूम की संख्या, रेगुलर क्लासेज, लैब, लाइब्रेरी के साथ तमाम इंफ्रांस्ट्रक्चर आदि को देखा जाता है. सीबीएसइ की माने तो 2015 में जिन स्कूलों का प्रोविजनल एफिलिएशन समाप्त हो रहा है. उन स्कूलों का औचक निरीक्षण 2014 अक्टूबर से मार्च 2015 तक किया जा रहा है. ऐसे में अप्रैल के सेशन शुरू होने से पहले सीबीएसइ वेबसाइट पर सूची को डाल देगी जिसमें जिन स्कूलों को एफिलिएशन मिला होगा और जिनको एफिलिएशन नहीं मिला होगा, दोनों की स्कूल शामिल होंगे.
कोट
सीबीएसइ के विजिलेंस और एफिलिएशन कमेटी की ओर से कार्रवाई की जा रही हैं. स्कूल को सो कॉज नोटिस देने के बाद स्कूल जवाब देना होगा. स्कूल के जवाब देने के बाद सीबीएसइ की कमेटी फिर स्कूल की जांच करेगी. ऐसे में कमेटी के सैटिसफाइड होने के बाद ही
डीएस सिंह, जांच कमेटी के सदस्य, सेवानिवृत ज्वाइंट डायरेक्टर, नवोदय विद्यालय
नोट : इस संबंध में डीएवी बीएसइबी के प्रिंसिपल रामानुज प्रसाद से बात करने की कोशिश की गयी, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया. उसके मोबाइल नंबर पर दो बार कॉल किया गया.
13 feb. 2015 on prabhat khabar, patna
best story. esse es school me addmission lene se pehele cbse website dekhenge..
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