Rinku Jha
Saturday, November 21, 2015
दो सेट में होगा सीबीएसइ का अब क्वेशचन पेपर
- 12वीं के बोर्ड एग्जाम में बनाये जायेंगे तीन की जगह दो सेट
संवाददाता, पटना
सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेेकेंडरी एजुकेशन (सीबीएसइ) ने 2016 की बोर्ड परीक्षा की तैयारी शुरू कर दी है. परीक्षा पैटर्न में इस बार बदलाव किया जायेगा. जहां कदाचार मुक्त परीक्षा को लेकर सीबीएसइ कई नियम बना रहा है. तो वहीं क्वेशचन पेपर सेट को लेकर भी इस बार बदलाव किया जायेगा. सीबीएसइ सूत्रों की माने तो अभी तक 12वीं की परीक्षा में चार सेट बनाये जाते थे. लेकिन 2016 की 12वीं की परीक्षा में दो सेट की क्वेशचन पेपर होगा. सीबीएसइ ने यह बदलाव कई सालों के बाद करने जा रहा है. अभिभावकों और स्कूल प्रशासन से फीडबैक लेने के बाद सीबीएसइ क्वेशचन पेपर में बदलाव करने जा रहा है.
दो सेट, क्वेश्चन रहेगा अलग-अलग
अभी तक सीबीएसइ हर स्ट्रीम में क्वेशचन पेपर चार सेट तक तैयार करता रहा है. इन सेट में क्वेश्चन तो एक जैसे ही रहते है, लेकिन क्वेश्चन का नंबर अलग-अलग रहता है. लेकिन अब ऐसा नहीं होगा. सीबीएसइ ने अब दो ही सेट बनाने की सोची है. लेकिन ये सेट में जो भी प्रश्न रहेंगे, वो बिल्कुल ही अलग होगा. दो सेट के एक भी प्रश्न एक जैसा नहीं होगा. दो सेट के प्रश्न अलग होने से कदाचार की संभावना कम हो जायेगी.
इस बार साइंस में, अगले साल से आर्ट्स और कॉमर्स में
पहली बार यह बदलाव किया जा रहा है. 2016 की परीक्षा में यह बदलाव केवल इस बार साइंस स्ट्रीम में किया जायेगा. अगले साल यानी 2017 में आर्ट्स और कॉमर्स स्ट्रीम के साथ भी सीबीएसइ यह बदलाव करेगा. इस बार साइंस विषय में यह बदलाव किया जायेगा.
नकल और चोरी की संभावना होगी कम
एआइपीएमटी से सबक लेकर सीबीएसइ ने यह बदलाव किया है. सीबीएसइ सूत्रों की माने तो सेट की संख्या कम होन से बोर्ड का एक्स्ट्रा क्वेश्चन पेपर पर होने वाले खर्च को कम किया जा सकेगा. इसके अलावा एग्जामिनेशन हॉल में स्टूडेंट को बैठाने में भी सावधानी नहीं रखनी पड़ेगी. दो अलग-अलग सेट देकर एक ही बेंच पर दो परीक्षाथी परीक्षा दे पायेंगे. इससे नकल या चोरी की संभावना काफी कम हो जायेगी.
कोट
सीबीएसइ की परीक्षा में कई सालों के बाद यह बदलाव किया जा रहा है. इससे परीक्षाथी को दूसरे सेट देखने और नकल करने की आदत पर लगाम लगेगा. प्रश्न अलग होने से परीक्षा लेना आसान हो जायेगा.
राजीव रंजन सिन्हा, सिटी कोर्डिनेटर, सीबीएसइ
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