Sunday, November 1, 2015

ऑन स्क्रीन मार्किंग जांच होगी 10वीं में

- सीबीएसइ ने 10वीं के ऑन स्क्रीन मार्किंग जांच के लिए मूल्यांकन केंद्र पर लगायेगा स्कैनर

संवाददाता, पटनासेंट्रल बोर्ड सेकेंडरी एजुकेशन ने 2016 की परीक्षा की तैयारी शुरू कर दी है. मार्च में 10वीं बोर्ड परीक्षा होने के साथ मूल्यांकन कार्य भी शुरू कर दिया जायेगा. इस बार फिर सीबीएसइ 10वीं में ऑन स्क्रीन मार्किंग जांच शुरू करने जा रहा है. मूल्यांकन में जो भी आंसर कॉपी की जांच टीचर्स करेंगे, उसकी दुबारा जांच की जायेगी. इसके लिए सीबीएसइ इस बार से मूल्यांकन केंद्र पर एक स्कैनर लगाने जा रही है. इस स्कैनर से आंसर कॉपी की जांच होगी.
टीचर्स की गलती को पकड़ लेगा स्कैनर मार्क्स को लेकर स्टूडेंट को किसी तरह की शिकायत ना हो, इसके लिए सीबीएसइ ने मूल्यांकन के समय ही सावधानी रखने का प्लान बनाया है. मूल्यांकन केंद्र पर स्कैनर से हर आंसर काॅपी की जांच होगी. सीबीएसइ सूत्रो की माने तो स्कैनर ब्रिटेन से मंगवाया जा रहा है. यह स्कैनर तुरंत टीचर्स की गलती को पकड़ लेगा. टीचर्स द्वारा कॉपी की जांच करने के बाद स्कैनर की मदद से हर आंसर काॅपी की जांच होगी. स्कैनर से एक बार में पांच सौ के लगभग आंसर कापॅी में टीचर्स द्वारा की गयी गलती को पकड़ा जा सकेगा.
स्कैनर से इन चीजों पर रहेगी नजर - आंसर कॉपी जांच में टीचर्स ने सही से मार्क्स दिया है या नहीं
- स्टेप वाइज मार्किंग हुई है या नहीं - हर आंसर काे टीचर्स से सही से जांचा है या नहीं
- आंसर के अनुसार मार्क्स दिये गये है या नहीं - जीरो मार्क्स तो नहीं दे दिया टीचर्स ने
- आंसर कॉपी के अंदर और उपर के मार्क्स में अंतर तो नहीं है कोट
ऑन स्क्रीन मार्किंग की जांच से मूल्यांकन में पारदर्शिता लाया जा सकता है. मार्क्स संबंधित स्टूडेंट की शिकायत को दूर किया जा सकेगा. कई बार आंसर कॉपी जांच में टीचर्स से मार्क्स संबंधित गलतियां हो जाती है. लेकिन इस व्यवस्था से इसे सही किया जा सकेगा. राजीव रंजन सिन्हा, सिटी कोर्डिनेटर, सीबीएसइ 

No comments:

Post a Comment